Showing posts with label Year-1970s. Show all posts
Showing posts with label Year-1970s. Show all posts

Apr 8, 2018

रोज़ शाम आती थी ..Roz Sham aati thi...

फ़िल्म: इम्तिहान (1974)
संगीतकार: लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल
 गीतकार: मजरूह सुल्तानपुरी
Original गायिका: लता मंगेशकर

Cover Sung by Alpana Verma

Mp3 Download Here 
रोज़ शाम आती थी, मगर ऐसी न थी
रोज़- रोज़ घटा छाती थी, मगर ऐसी न थी
ये आज मेरी ज़िन्दगी में कौन आ गया
रोज़ शाम आती थी...
1.डाली में ये किसका हाथ, कर इशारे बुलाए मुझे झूमती चंचल हवा, छू के तन गुदगुदाए मुझे
हौले-हौले, धीरे-धीरे कोई गीत मुझको सुनाए
प्रीत मन में जगाए, खुली आँख सपने दिखाए
ये आज मेरी ज़िन्दगी...

2.अरमानों का रंग है, जहाँ पलकें उठाती हूँ मैं
हँस-हँस के है देखती,जो भी मूरत बनाती हूँ मैं
जैसे कोई मोहे छेड़े, जिस ओर भी जाती हूँ मैं डगमगाती हूँ मैं, दीवानी हुई जाती हूँ मैं...

ये आज मेरी ज़िन्दगी में कौन आ गया
रोज़ शाम आती थी...
==============================
=========================

Jul 31, 2017

दिल उसे दो जो जान दे दे...Dil usey do jo jaan de de

दिल उसे दो जो जान दे दे
फ़िल्म :अंदाज़
संगीतकार - शंकर जयकिशन
गीतकार-शैलेन्द्र
मूल गायक -मो.रफ़ी और आशा भोसले
प्रस्तुत गीत में आवाजें -सफीर अहमद और अल्पना वर्मा
==============

  MP3 Download or Play here
===============

================
Lyrics-Dil usey do jo jan de de
-----------
दिल उसे दो जो जान दे दे,
जान उसे दो जो दिल दे दे


१) ये प्यार के नज़ारे हैं देख लो जिधर
अब नाचती है दुनिया खुशी का है असर
लो खत्म हुआ है ये आज का सफ़र
अब होगी सुहानी वो कल की सहर, दिल उसे ...

२) जो सोचते रहोगे तो कुछ न मिलेगा
जो चुपके रहोगे तो काम न बनेगा
जो दिल में जलोगे तो अरमान रहेगा
जो बढ़ते चलोगे तो रास्ता मिलेगा, दिल उसे ...

३) वो गुंचा नहीं है जो खिलना न जाने
वो बाद-ए-सबा क्या जो चलना न जाने
वो बिजली नहीं जो चमकना न जाने
वो इन्सान नहीं जो तड़पना न जाने, दिल उसे ...
======================

Apr 2, 2017

अपने आप रातों में-फिल्म-शंकर हुसैन [१९७७]

फिल्म-शंकर हुसैन [१९७७]
गीतकार-कैफ भोपाली
संगीतकार-खय्याम
मूल गायिका-लता जी
प्रस्तुत गीत में स्वर-अल्पना वर्मा
-----------------------------------

Mar 15, 2017

एक डाल पे तोता बोले -फिल्म: चोर मचाए शोर-[1974]

फ़िल्म:
गायक: मोहम्मद रफ़ी, लता मंगेशकर
संगीतकार: रवींद्र जैन
गीतकार:इंद्रजीत सिंह तुलसी
अदाकार:शशि कपूर और मुमताज़
=======================

 =============================
MP3 Download or Play
=============================
Cover singers- Safeer and Alpana
----------------------------------------------------

-----------------------------
एक डाल पर तोता बोले
एक डाल पर तोता बोले
एक डाल पर मैना
दूर दूर बैठे है लेकिन
प्यार तो फिर भी है न
बोलो है न, है न है न
ओ एक डाल पर तोता बोले,
एक डाल पर मैना
मैं तेरे नैनो की निंदिया,
तू मेरे दिल का चैना
बोलो है न, है न है न
एक डाल पर तोता बोले

ये क्या मुझको हो गया साजन
कभी रोऊँ कभी गाउँ
पेड़ से लिपटी बेल जो देखूं
लाज से मर मर जाऊँ
ये पागलपन कैसा
कब से हो गया ऐसा
बिन बतलाये समझो साजन
आज नहीं कुछ कहना
बोलो है न, है न है न
है न
एक डाल पर तोता बोले

आँधी आये तूफ़ान आये
या बरसे, बरसाते
एक दूजे में खो जाये हम
खत्म न हो दिन राते
खत्म न हो दिन राते
मीठी प्यार की बातें
होंठ अगर खामोश रहें तो
बोल उठेंगे नैना
बोलो है न, है न है न
है न
एक डाल पर तोता बोले

जनम जनम रे साजन,
पल में बुझेगी कैसे
जीवन भर ये संग न छूटे,
अंग लगा तो ऐसे
आ मिल जाएँ ऐसे,
सागर नदिया जैसे
सिख लिया है प्यार में हमने,
मिटाकर ज़िंदा रहना
बोलो है न, है न है न

एक डाल पर तोता बोले,
एक डाल पर मैना
दूर दूर बैठे है लेकिन,
प्यार तो फिर भी है न
बोलो है न, है न है न

==============================
.

Mar 1, 2017

चलो दिलदार चलो -फिल्म: पाकीज़ा (1972)


फ़िल्म –  पाकीज़ा  (1972)
 मूल गायक – मोहम्मद रफ़ी और लता मंगेशकर 
संगीतकार –ग़ुलाम मोहम्मद
 गीतकार – कैफ़ भोपाली
================================================


===============================================
Cover sung by Safeer and Alpana
---------------------------------------------------
Download or Play Mp3 here
==========================
Lyrics-Chalo dildar chalo
---------------------------------------------
चलो दिलदार चलो, चाँद के पार चलो
हम हैं तैयार चलो

१.आओ खो जाएँ सितारों में कहीं
छोड़ दे आज दुनियाँ ये ज़मीं
चलो दिलदार चलो…

2.हम नशे में हैं संभालो हमें तुम
नींद आती है जगा लो हमें तुम
चलो दिलदार चलो…

3.ज़िन्दगी ख़त्म भी हो जाये अगर
ना कभी ख़त्म हो उल्फत का सफ़र
चलो दिलदार चलो

=============================
=============================

Feb 24, 2017

जाना है हमें तो जहाँ क़रार मिले -फिल्म: पाँच दुश्मन [1970]

फिल्म : पाँच दुश्मन /दौलत के दुश्मन [१९७० ]
संगीतकार- राहुल देव बर्मन
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी
मूल गायक -किशोर कुमार  और लता
================================

================================
This Cover song is sung by Safeer and Alpana
================================
Mp3 download or Play here

----------------------------------------------------------

Lyrics-Jana hai hamen to jahan
-----------------------------------------------
जाना है हमें तो जहाँ  क़रार मिले
लूटेंगे राहों में जहाँ  बहार मिले
जाना है................

१. जब तक चलूँ चलती रहूँ मैं
बाहों के साये में तेरे
 जाना हमें कहां यह भी नहीं सोचें
नींद सी आँखों में भरे
 मंज़िल हमें मिले न मिले,तेरा प्यार मिले
जाना है हमें तो ...

2.मुझे दुनिया में जीने का सहारा
काफ़ी है दिल की लगी
कुछ भी ना चाहूँ रहे मेरे लिये
यह तेरे होंठों की हँसी
 सारी दुनिया से लेना हमें क्या,हमको यार मिले
जाना है हमें तो ...

3.तेरे संग पिया पड़ते हैं मेरे
नीलगगन पे क़दम
तुम हो मेरे तो धरती घटा पे,राज हमारा है सनम
हो आज नज़ारे सर झुका के,सौ सौ बार मिले
 जाना है हमें तो ...

===============================
===============================

Feb 15, 2017

ढल गया दिन हो गयी शाम -फिल्म : हमजोली [१९७०]

फिल्म : हमजोली [१९७०]
गीतकार-आनंद बक्षी
संगीतकार-लक्ष्मीकान्त-प्यारेलाल
मूल गायक -मो .रफ़ी और आशा भोसले
अभिनेता जीतेन्द्र और लीना चंद्रावरकर पर   फिल्माया गया

==============================


  Sung by Safeer & Alpana
==============================
MP3 download or Play here

==============================
ढ़ल  गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है..
अभी अभी तोआई हो अभी अभी जाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है
अभी अभी तो आई हो अभी अभी जाना है
ढ़लगया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है

१-सितम मेरे दिल पे जो ढाए कसम लगे उसको मेरी जो जाए..
ना ऐसे  देखो मुझे ना टोको ज़रा यह सोचो बुरा ज़मान है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है

2-गुज़ारी साथ हमने कई रातें  ना जाने कब ख़तम होगी तेरी बातें ..
अभी ना जाना कोई तराना कोई फ़साना अभी सुनना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है.......

3-बनाते हो यह रोज ही बहाना ना जाने ना देगा आज यह दीवाना..
माना जी माना  तू है दीवाना मेरा दीवाना बड़ा सयाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है
अभी अभी तो आई हो अभी अभी जाना है
ढ़ल गया दिन हो गयी शाम जाने दो जाना है...
==========================
==========================

Jan 19, 2017

जब आती होगी याद मेरी--फिल्म-फांसी

फिल्म-फांसी
गीतकार- आनंद बक्षी
संगीतकार-लक्ष्मीकांत -प्यारेलाल
मूल गायक-मो. रफ़ी और सुलक्षणा पंडित
===========================


===========================
कवर गायक - सफ़ीर और अल्पना
MP3 Download or play here
---------------------------------------------

गीत के बोल -
--------------------
जब आती होगी याद मेरी -2
तेरा दिल तो मचलता  होगा

तू भी तो मुझे. मिलने को -2
दिन रात तड़पता होगा .
जब आती होगी याद मेरी
हाय जब आती होगी याद मेरी ..

१....लिखे तो होंगे ख़त मुझको
पर डाक में न डाले होंगे के मुझको दिखाने के लिए तूने सब वो संभाले होंगे

बरसों न मेरा ख़त पाकर तू ठंडी आहें तो .भरता हो~~गा...
जब आती होगी याद मेरी...हाय जब आती होगी याद मेरी .

2.ख़यालों में तू मुझको लाके करता तो होगा दिलजोई
 करता तो होगा दिलजो~ई
ये भी तो कभी सोचता हो.गा -2
लेजाये न मुझे और को~ई
किसी और की  होने के डर  से तेरा दिल भी  धड़कता होगा

जब आती होगी याद मेरी -2.
तेरा दिल तो मचलता  होगा

तू भी तो मुझे मिलने को -2
दिन रात तड़पता होगा .
[एक साथ ]जब आती होगी याद मेरी हाय जब आती होगी याद मेरी I

=========================================
=========================================

Jan 18, 2017

मेरी साँसों को जो महका रही है

फिल्म- बदलते रिश्ते   [१९७८ ]
गीतकार : आनंद बक्षी
संगीतकार: लक्ष्मीकांत प्यारेलाल
मूल गायक- महेंद्र कपूर  और लता

==============


कवर गायक- सफ़ीर और अल्पना
MP 3 download or play
===============
गीत के बोल
-------------
मेरी साँसों को जो महका रही है
मेरी साँसों को जो महका रही है
ये पहले प्यार की खुशबू
तेरी साँसों से शायद आ रही है

१.शुरू ये सिलसिला तो उसी दिन से हुआ था
अचानक तूने जिस दिन मुझे यूँ ही छुआ था
लहर जागी जो उस पल तनबदन में
वो मन को आज भी बहका रही है

2.बहुत तरसा है ये दिल तेरे सपने सज़ा के
ये दिल की बात सुन ले, मेरी बाहों में आके
जगाकर अनोखी प्यास मन में
ये मीठी आग जो दहका रही है

3.ये आँखे बोलती हैं, जो हम ना बोल पाए
दबी वो प्यास मन की नज़र में झिलमिलाए
होठों पे तेरे हल्की सी हँसी है
मेरी धड़कन बहकती जा रही है
ये पहले प्यार की खुशबू .....मेरी साँसों को जो...

======================

Apr 29, 2016

मेघा ओ रे मेघा

गीत--मेघा ओ रे मेघा
गीत और संगीत :  रविन्द्र जैन
मूल गायिका : हेमलता
कवर गायन : अल्पना वर्मा

मेघा ओ रे मेघा
तू तो जाए देस विदेस
क्यों न लाये उनके आवन का सन्देश
मेघा ओ रे मेघा

१. सूरत सजन की अनदेखी ,मूरत वो कुछ कुछ मन देखी
के  मैं इससे अधिक नहीं कुछ जानती ,बस उनके क़दमों की आहट को पहचानती हूँ ,
वायू ओ री वायू तू तो डोले देश विदेश
क्यू ना लाये पी के मिलन का संदेश
मेघा ओ रे मेघा तू जाये देश विदेश
2.पी के दरस को नैन मिले,दरस मिले तो चैन मिले
है अब अपना मिलन भरोसे  राम के
सुनैयना पी को ना देखा तो,नैना किस काम के
सजना मोरे सजना कित भटके देश विदेश
कहाँ  भेजूं मैं  अपने मन का संदेश
मेघा ओ रे मेघा तू तो जाये देश विदेश...........
Mp3 preview or play or download here

===========================================
=================================

Mar 21, 2016

ये नीर कहाँ से बरसे है- स्वर-अल्पना

गीत के बोल-

ये नीर कहाँ से बरसे है ,ये बदरी कहाँ से आई है
ये बदरी कहाँ से आई है......

१. गहरे गहरे नाले गहरा गहरा पानी रे
गहरे गहरे नाले, गहरा पानी रे
गहरे मन की चाह अनजानी रे
जग की भूल-भुलैया में...
कूँज कोई बौराई है...

ये बदरी कहाँ से आई है

2. चीड़ों के संग आहें भर ली
आग चनार की माँग में धर ली
बुझ ना पाये रे,ऐसी अगन लगाई है
ये नीर कहाँ से बरसे है ...

3.पंछी पगले कहाँ घर तेरा रे
भूल न जइयो अपना बसेरा रे
कोयल भूल गई जो घर
वो लौट के फिर कब आई है .....

ये नीर कहाँ से बरसे है...ये बदरी कहाँ से आई है..
गीत सुनिये--- Mp3 Download Or Play here
-------------------------------------


Mar 14, 2016

तेरा मेरा साथ रहे ....फिल्म: सौदागर


फिल्म: सौदागर
गीतकार & संगीतकार : रविन्द्र जैन
मूल गायिका : लता जी

गीत के बोल
-------------
तेरा मेरा साथ रहे हो तेरा मेरा साथ रहे
धूप हो, छाया हो, दिन हो कि रात रहे
तेरा मेरा ...
१.दर्द  की शाम हो या सुख का सवेरा हो
सब गँवारा है मुझे, (साथ बस तेरा हो)-3
जीते जी मर के भी..हाथ में हाथ रहे
तेरा मेरा  साथ रहे -2

2.कोई वादा ना करें, कभी खाये न क़सम,
जब कहें बस ये कहें.. (मिल के बिछडेंगे न हम) -3
सब के होंठों पे, अपनी ही बात रहे
तेरा मेरा  साथ रहे -2

3.बीच हम दोनो के, कोई दीवार न हो
तू कभी मेरे ख़ुदा, (मुझसे बेज़ार न हो) -3
प्यार की प्रीत की यूँ ही बरसात रहे
तेरा मेरा  साथ रहे -.................
Mp3 Preview or Download /Play
प्रस्तुत गीत कवर संस्करण है -स्वर -अल्पना वर्मा
======================


=============================================

Jun 17, 2015

बाहों में तेरी-फ़िल्म : काला पत्थर (1979)

फ़िल्म –काला पत्थर (1979)
 मूल गायक – मोहम्मद रफ़ी और लता मंगेशकर
संगीतकार – राजेश रोशन
गीतकार – साहिर लुधियानवी
[शशि कपूर, परवीन बॉबी]
=========================


=========================
This Version Sung by Safeer and Alpana
----------------------------------------------
Mp3 Play here or Download
=========================
Lyrics-Bahon mei teri khushbuu
---------------------------------------------
बाहों में तेरी, मस्ती के घेरे साँसों  में तेरी,
खुशबू के डेरे मस्ती के घेरों में
मस्ती के घेरों में, खुशबू के डेरे में, हम खोए जाते हैं

१.ख़्वाबों में जिसको, तनहा जवानी
बरसों से तकती थी, तू वही है
छूने से जिसको, सीने में मेरी
लौ जाग सकती थी, तू वही है
कुछ ख़्वाब मेरे, कुछ ख़्वाब तेरे
यूँ मिलते जाते हैं
दिल खिलते जाते हैं, लब गुनगुनाते हैं
बाहों में तेरी …

2.बिखरा के ज़ुल्फ़ें, झुक जाओ मुझपे
मिलने दो साया, तपते बदन को
मैने हमेशा, तेरी अमानत
समझा है मेरे, जान और  तन को
तू साथ मेरे, मैं साथ तेरे
रूहों के रूहों से
जिस्मों के जिस्मों से, सदियों के नाते हैं
बाहों में तेरी …
============================
=============================
=============================

Jul 1, 2014

ओ घटा साँवरी....


फिल्म-अभिनेत्री
मूल गायिका -लता मंगेशकर
संगीतकार-लक्ष्मीकांत -प्यारेलाल
गीतकार -मजरूह सुल्तानपुरी

गीत -
ओ घटा सांवरी, थोड़ी थोड़ी बावरी, हो गयी हैं बरसात क्या!
हर साँस है बहकी हुई, अब की बरस है ये बात क्या!
हर बात है बहकी हुई, अब की बरस  है ये बात क्या!

1-पा के अकेली मुझे, मेरा आँचल मेरे साथ उलझे
छू ले अचानक कोई, लट में ऐसे मेरा हाथ उलझे
क्यो रे बादल तू ने छूआ  मेरा हाथ क्या?

2-आवाज़ थी कल यही, फिर भी ऐसे लहकती ना देखी
पग में थी पायल मगर, फिर भी ऐसे छनकती ना देखी
चंचल हो गये घुँगरू मेरे रातोरात क्या!

3-मस्ती से बोझल पवन, जैसे साया कोई मन पे डोले
बरखा की हर बूँद पे, थरथरी सी मेरे तन पे डोले
पागल मौसम जा रे तू, लगा मेरे साथ क्या!
 ओ घटा सांवरी, ......
-------------------------
Cover song---Vocals- Alpana
=================== MP3 download here


=================

May 28, 2014

जीना तो है पर ऐ दिल ....



फिल्म- पांच दुश्मन [१९७३ ] जिसे १९८३ में 'दौलत के दुश्मन 'नाम से रिलीज़  किया गया था.
मूल गायक -किशोरे कुमार
संगीत -राहुल देव बर्मन
गीत -मजरूह सुल्तानपुरी
Cover singer-Alpana

गीत-
जीना तो है पर ए दिल कहाँ
अरे बैठूँ  तो नही मिलती हैं ज़मीं
मैं उड़ना चाहूँ  तो हैं दूर  आस्मा

नाराज़ कोई ना कोई मेहरबान
ना कही कोई बिजली ना कोई आशिया...
अरे बैठूँ  तो नही मिलती हैं ज़मीं.....
मैं उड़ना चाहूँ  तो हैं दूर  आस्मा...
जीना तो है पर ए दिल कहाँ ...

जलता हैं बदन कोई  साया नही
किसी आँचल के बदले हैं सुलगता धुआँ (२)
अरे बैठूँ  तो नही मिलती हैं ज़मीं
मैं उड़ना चाहूँ  तो हैं दूर  आस्मा

जीना तो है पर ए दिल कहाँ ....
--------------------------------------
स्वर---अल्पना
Click here to Download or preview song Mp3 
================== =====================

May 2, 2014

नैना हैं प्यासे ..फिल्म अविष्कार

नैना हैं ....


गीतकार- कपिल कुमार
संगीत-कनु  रॉय
मूल स्वर-आशा भोसले
कवर [बिना संगीत ]--अल्पना

नैना हैं प्यासे मेरे, प्यासा है प्राण मेरा
मैं हूँ एक बरखा के बिन जलता सा दिन
आशियां है सुनसान मेरा ...

मन की है लगन तन से, तन का है तीरथ दूजा
प्यासी रही मिलके उनसे, प्यास को ही मैने पूजा
ये ही तो है अभिमान मेरा ...

प्यार पूजा प्रार्थना तो एक साथ रहना चाहे
साथ अगर साथ ना दे, संग आ जाती आहें
अब यही है सोपान  मेरा ...

बहुत ही खूबसूरत फिल्म 'अविष्कार 'और उसका यह खूबसूरत गीत बिना संगीत  प्रस्तुत है-

Mp3 Download or preview here

Apr 19, 2014

बोल मेरे साथिया....

Actress-Mala sinha
बोल मेरे साथिया....
फिल्म--ललकार
संगीत- कल्याण जी आनंद जी
गीत -हसरत जयपुरी
मूल गायक-रफ़ी और लता

प्रस्तु कवर संस्करण -अल्पना और विपिन



Link to download mp3

Mar 10, 2014

हम थे जिनके सहारे ....


फिल्म-सफ़र
संगीत-कल्यानजी आनंद जी
गीतकार-इन्दीवर
मूल गायिका-लता

प्रस्तुत गीत में स्वर  --अल्पना

गीत के बोल-

हम थे जिनके सहारे, वो हुए ना हमारे
डूबी जब दिल की नय्या, सामने थे किनारे
हम थे जिनके सहारे ...

१-क्या मुहब्बत के वादे, क्या वफ़ा के इरादे
रेत की हैं दीवारें, जो भी चाहे गिरा दे
जो भी चाहे गिरा दे....हम थे जिनके सहारे ...

२-है सभी कुछ जहाँ में, दोस्ती है वफ़ा है
अपनी ये कमनसीबी, हमको ना कुछ भी मिला है
हमको ना कुछ भी मिला है
हम थे जिनके सहारे ...

३-यूँ तो दुनिया बसेगी, तनहाई फिर भी डसेगी
जो ज़िंदगी में कमी थी, वो कमी तो रहेगी
वो कमी तो रहेगी,हम थे जिनके सहारे ...
MP3 Download or Play

=============================
======================
===================

Mar 8, 2014

जिस गली में तेरा घर ...फिल्म -कटी पतंग


गीत-जिस गली में तेरा घर ..
गीतकार-आनंद  बक्षी
संगीतकार -राहुल देव बर्मन
मूल स्वर-मुकेश
कवर गीत स्वर-अल्पना

गायक मुकेश के गीतों में यह गीत मुझे पसंद है इसीलिये मेरी इच्छा हुई कि इसे अपने स्वर में गा कर देखूँ... सर्दी का असर अभी तक गया नहीं है आवाज़ में जिसका असर सुनायी देगा.

Play or download MP 3 Here


===================
=====================
===========================

Jan 1, 2014

अखियों के झरोखों से...


फिल्म-अखियों के झरोखों से
संगीत और गीत-रविन्द्र जैन
मूल गायिका -हेमलता

गीत के बोल-
अखियों के झरोखों से, मैने देखा जो सांव रे
तुम दूर नज़र आए, बड़ी दूर नज़र आए
बंद करके झारोंखो को, ज़रा बैठी जो सोचने
मन में तुम्ही मुस्काए, बस तुम्ही मुस्काए
अखियों के झरोखों से…

1-इक मन था मेरे पास वो अब खोने लगा है
पाकर तुझे हाय मुझे कुछ होने लगा है
इक तेरे भरोसे पे सब बैठी हूँ भूल के
यूँही उम्र गुज़र जाए, तेरे साथ गुज़र जाए

2-जीती हूँ तुम्हें देख के, मरती हूँ तुम्हीं पे
तुम हो जहाँ साजन मेरी दुनिया है वहीं पे
दिन रात दुआ माँगे मेरा मन तेरे वास्ते
कहीं अपनी उम्मीदों का कोई फूल न मुरझाए
अखियों के झरोखों से…

3-मैं जब से तेरे प्यार के रंगों में रंगी हूँ
जगते हुए सोई रही नींदों में जगी हूँ
मेरे प्यार भरे सपने कहीं कोई न छीन ले
मन सोच के घबराए, यही सोच के घबराए
अखियों के झरोखों से…
 In audio version these 2stanzas are not included-:
4-कुछ बोल के खामोशियाँ तड़पाने लगी हैं
चुप रहने से मजबूरियाँ याद आने लगी हैं
तू भी मेरी तरह हँस ले, आँसू पलकों पे थाम ले,
जितनी है ख़ुशी यह भी अश्कों में ना बह जाए
अखियों के झरोखों से…

5-कलियाँ ये सदा प्यार की मुसकाती रहेंगी
खामोशियाँ तुझसे मेरे अफ़साने कहेंगी
जी लूँगी नया जीवन तेरी यादों में बैठके
खुशबु जैसे फूलों में उड़ने से भी रह जाए
अखियों के झरोखों से…

यह गीत प्रकाश गोविन्द जी के सुझाव पर गाया है और इसे गाना मेरे लिए आसान बिलकुल  नहीं था.फिर भी
एक प्रयास किया है.इसे हेमलता जी का सिग्नेचर गीत कहें तो गलत नहीं होगा.
प्रस्तुति-कवर संस्करण -स्वर-अल्पना



Mp3 Preview or Download

Wish you all a very happy new year 2014!