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Apr 29, 2016

मेघा ओ रे मेघा

गीत--मेघा ओ रे मेघा
गीत और संगीत :  रविन्द्र जैन
मूल गायिका : हेमलता
कवर गायन : अल्पना वर्मा

मेघा ओ रे मेघा
तू तो जाए देस विदेस
क्यों न लाये उनके आवन का सन्देश
मेघा ओ रे मेघा

१. सूरत सजन की अनदेखी ,मूरत वो कुछ कुछ मन देखी
के  मैं इससे अधिक नहीं कुछ जानती ,बस उनके क़दमों की आहट को पहचानती हूँ ,
वायू ओ री वायू तू तो डोले देश विदेश
क्यू ना लाये पी के मिलन का संदेश
मेघा ओ रे मेघा तू जाये देश विदेश
2.पी के दरस को नैन मिले,दरस मिले तो चैन मिले
है अब अपना मिलन भरोसे  राम के
सुनैयना पी को ना देखा तो,नैना किस काम के
सजना मोरे सजना कित भटके देश विदेश
कहाँ  भेजूं मैं  अपने मन का संदेश
मेघा ओ रे मेघा तू तो जाये देश विदेश...........
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Aug 5, 2013

ले तो आये हो हमें ..


फिल्म-  दुल्हन वही जो  पिया मन भाये.
गीत और संगीत -  रवीन्द्र जैन
Song-

ले तो आये हो हमें सपनो के गांव में,
प्यार की छाँव में बिठाए रखना ,
सजना ओ सजना
1-तुमने छुआ तो तार बज उठे मन के
तुम जैसा चाहो रहें वैसे ही बन के
तुम से शुरू, तुम्ही पे कहानी ख़तम करें
दूजा न आए कोई नैनों के गाँव में..
ले तो आए हो ...

2-छोटा सा घर हो अपना, प्यारा सा जग हो
कोई किसी से पल भर न अलग हो
इसके सिवा अब दूजी कोई चाह नही
हँसते रहें हम दोनों फूलों के गाँव में
ले तो आए हो हमें ....
..........................................
अभिनेत्री रामेश्वरी पर फिल्माए इस खूबसूरत गीत को गायिका हेमलता ने अपना स्वर दिया.
एक बहुत ही मधुर गीत जिसका कवर संस्करण प्रस्तुत है.

स्वर- अल्पना
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Song-Le to aaye ho hamen'-original singer is Hemlata.Presenting Cover version.
Song suggested by Prakash G.

Nov 6, 2012

आज कोई नहीं अपना....

आज कोई नहीं अपना ..
Rameshwari 

फिल्म -अग्नि परीक्षा
१९८० के दशक की फिल्म का गीत जिसकी मूल गायिका लता जी हैं और संगीतकार सलील चौधरी .
अभिनेत्री रामेश्वरी पर फिल्माया गया ...बेहद खूबसूरत संगीत!
गीतकार-योगेश
गीत के बोल--:


आज कोई नहीं अपना, किसे ग़म ये सुनाएँ
तड़प-तड़प कर, यूँ ही घुट-घुट कर
दिल करता है मर जाएँ
आज कोई नहीं अपना, किसे ग़म ये सुनाएँ

सुलग-सुलग कर दिन पिघले, दिन पिघले
आँसुओं में डूबी हुई  रात ढले
हर पल बिखरी तनहाइयों में
यादों की शमा मेरे दिल में जले
तुम ही बतला दो हमें
हम क्या जतन करें, ये शमा कैसे बुझाएँ
आज कोई नहीं अपना, किसे ग़म ये सुनाएँ

न हमसफ़र कोई न कारवां, न कारवां
ढूँढें कहाँ तेरे क़दमों के निशां
जब से छूटा साथ हमारा
बन गई साँसें बोझ यहाँ
बिछड़ गए जो तुम
किस लिये माँगें हम, फिर जीने की दुआएँ

आज कोई नहीं अपना, किसे ग़म ये सुनाएँ
तड़प-तड़प कर, यूँ ही घुट-घुट कर
दिल करता है मर जाएँ
आज कोई नहीं अपना, किसे ग़म ये सुनाएँ
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मुश्किल गाना है..एक कोशिश की है.
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