Jul 25, 2011

क्यूँ ज़िन्दगी की राह में

दीप्ती नवल-फिल्म :साथ- साथ

फिल्म : साथ-साथ [१९८४]
गीतकार-जावेद अख्तर
संगीत-कुलदीप सिंह

क्यूँ ज़िन्दगी की राह में मजबूर हो गए,
इतने हुए करीब की हम दूर हो गए,

१-ऐसा नहीं के हमको कोई ख़ुशी नहीं ,
लेकिन ये ज़िन्दगी भी कोई ज़िन्दगी नहीं,

क्यूँ इसके फैसले हमें मंज़ूर हो गए,इतने हुए करीब ....

२-पाया तुम्हें तो ऐसा लग तुमको खो दिया,
हम दिल पे रोये और ये दिल हम पे रो दिया,

पलकों से ख्वाब क्यूँ गिरे क्यूँ चूर हो गए,इतने हुए करीब...

[प्रस्तुत है कवर गीत --स्वर-अल्पना]

Jul 24, 2011

तुमने पिया दिया सब कुछ

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 एक गीत जो मुझे बहुत पसंद है..फिल्म भी बहुत अच्छी थी,लेकिन शायद चली नहीं
लता जी के बेहतरीन गीतों में से एक यह गीत लगता है मुझे.
इस का फिल्मांकन भी बहुत ही खूबसूरती से हुआ है.
भावपूर्ण गीत ..
फिल्म--उस पार[1974]
संगीत-सचिन देव बर्मन ,गीत-योगेश ,अभिनेत्री मौशमी चेटर्जी

तुमने पिया दिया सब कुछ मुझको अपनी प्रीत दये के
राम  करे यूँ ही बीते जीवन तुम्हरे गीत गए के,

मैं तो हूँ भोली ऐसे भोली पिया..जैसे थी राधिका कान्हा की प्रेमिका,
श्याम कहीं बन जयीयो न तुम मेरी सुध भुलाये के,
तुमने पिया...

मेरे मितवा रे मिले जब से तुम मुझे बिंदिया माथे सजे,पायल मेरी बजे,
मांग भरे मेरी निस दिन अब सिंदूरी सांझ आई के .

तुमने पिया दिया....
मूल गीत आप यू ट्यूब पर देख सकते हैं.यहाँ  गीत मेरे स्वर में है -बिना संगीत-
MP3 download / play
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Jul 22, 2011

क्या जानू सजन ..[बहारों के सपने]


फिल्म--बहारों के सपने/दिल विल प्यार व्यार
 संगीत-राहुल देव बर्मन 
गीत-मजरूह सुल्तानपुरी 
मूल गायिका-लता मंगेशकर /कविता कृष्णमूर्ति
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क्या जानू सजन ..होती है क्या ग़म की शाम  
जल उठे सौ दिये जब लिया तेरा नाम
क्या जानू सजन
१-जब से मिली नज़र माथे पे बन  गए
बिंदिया नयन तेरे ,देखूँ सजना

धर ली जो प्यार से मेरी कलाइयां
पिया तेरी उंगलियाँ हो गई कंगना
क्या जानू सजन ..होती है क्या ग़म की शाम
२-काँटों में मैं खड़ी नैनों के द्वार पे
निस दिन बहार के देखूं सपने

चेहरे की धूल क्या चंदा की चांदनी
उतरी तो रह गई मुख पे अपने
क्या जानू सजन होती है क्या ग़म की शाम
जल उठे सौ दिये जब लिया तेरा नाम
क्या जानू सजन ......

स्वर---अल्पना
1-first Song done on July 22-: